Learn C++ Basic Knowledge in hindi

C++ Language एक Powerful General-Purpose Programming Language है। यह एक Machine Independent Structured Programming Language है। जिसे System में Use किया जाता है। इसको System Embedded, Application, Desktop Application, Browser Development, Google, Chrome Extension development, करने के लिए Use किया जाता है। Operating System भी C++ Language के द्वारा बनाये गए हैं। Example-- Windows, Linux, Mac OS
C++ Language पहली या दूसरी सबसे ज्यादा Use की जाने वाली Programming Language है। इस Language को सभी Programmer Computer Scientist Use करते हैं।



इस Article में Basic से लेकर कुछ Advance तथा C++ Language की History आदि जानकारी दी गयी है। यदि C++ Language को सीखना चाहते हैं या Computer Programming की दुनिया में कदम रखना चाहते हैं। तो ये Article आपके लिए रामबाण साबित होगा।

C++ Programming Language क्यों सीखे 

किसी भी Programming Language को सीखने से पहले बात आती है। कि जिस Work के लिए ये  Language है।  उसी Base की अन्य Programming Language भी उपलब्ध है। जैसे- C, Java, C# आदि।

C++ Language को सीखने का सबसे बड़ा कारण यह है कि ये simple और Fast Execute Programming Language है| C++ एक C language का ही extension है। लेकिन C++ Object Oriented Prograaming Language है जबकि C Procedural language है।

C++ language में बहुत सारे New Feature मिलते है। जो की इसको C Language से बेहतर बनाते है। यदि हमें C++ language आती है  तो अन्य Programming Language को आसानी से सीख सकते हैं। यही कारण है कि C++ Language को पहले सीखना आवश्यक है और ये Language इसलिए सभी University, College में सबसे पहले सिखायी जाती है।

C++ Language का इतिहास

सन 1960 ई० में Programming का जन्म माना जाता है। सबसे पहले ALGOL Programing Language को create किया गया था। जिसे  European Countries में बहुत ज्यादा Use किया जाने लगा था। लेकिन इसमे बहुत सी कमिया होने के कारण ये समय के साथ न चल पाई।

इसके 7 सालो के बाद सन 1967 ई० में खास तौर पर System Software लिखने वाली 'BCPL' Programming Language को महान Computer वैज्ञानिक Martin Richards ने Design और Develop किया था। BCPL Language काफी बेहद लोकप्रिय हो गयी। लेकिन इसके द्वारा Small और सरल Compilers को लिखा जाता है।

इसके कुछ समय बाद सन 1970 ई० में B Language आयी जिसे Bell Laboratories में develop किया गया था। जिससे Linux Operating System को लिखा गया। इसके बाद Linux Operating System को बेहतर करने के लिए उसमे कुछ Function Add करने थे। मतलब Linux Operating System को दुबारा लिखा जाने का प्रयास किया जा रहा था। इसके लिए C Language को Develop किया गया।
C Language को सन 1972 में Computer वैज्ञानिक Dennis Ritchie ने Create किया था। इसके माध्यम से Linux Operating System को लिखा गया और ये Linux Operating System के लिए Powerful Programming Language बनी।

 इसके बाद सन 1979 में जब Computer वैज्ञानिक Bjarne Stroustrup PHD Thesis के लिए काम कर रहे थे। उस समय उन्होंने Goal बनाया की C Language में बहुत से New Features add करने है। वो C++ Language को एक Object Oriented Programming Language बनाना चाहते थे।

C Language का पहला Compiler Cfront Develop हुआ। C Language को धीरे धीरे बेहतर बनाया जा रहा था। सन 1993 वे में इसका नाम बदलकर C++ कर दिया गया। उस समय इसमें बहुत से नए Feature add किये जा चुके थे। 

C++ Language Versions 

C++ Language के अभी तक कई versions आये हुए है। जिसमे बहुत से new feature के बारे में Introduce कराया गया है। C++ Language  ISO Community के द्वारा Constructed थी। अब इसके versions के बारे में जानते है।

1. C++ 98 (ISO/IEC 14882:1998) First Edition
2. C++03 (ISO/EIC 14882:2003) Second Edition
3. C++11 (Third Edition)
4. C++14 (Fourth Edition)
5. C++17 (Fifth Edition)

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