Class-12 Chemistry महत्त्वपूर्ण अभिक्रिया

यहाँ पे Class - 12 Chemistry की सभी महत्वपूर्ण अभिक्रिया के बारे में जानकारी दी गयी है। ये अभिक्रिया हर वर्ष परीक्षा में पूछी जाती है, ये सभी Hindi Board के विद्यार्थियों के लिए महत्वपूर्ण है।

1. कैनीजारो अभिक्रिया 

वे एल्डिहाइड जिनमे α- हाइड्रोजन परमाणु नहीं होता, वे सांद्र (NaOH अथवा KOH) के साथ क्रिया करके कार्बोलिक्स अम्ल का लवण एलकोहॉल आदि बनाते है। यह अभिक्रिया कैनिजारो अभिक्रिया कहलाती है।
                                    2HCHO+NaOH HCOONa+CH₃OH

2. सैन्डमायर अभिक्रिया 

बेंजीन डाइएजोनियम लवण को C₄Cl₂/HBr  के साथ मिलाने पर डाईेंजोनियम समूह द्वारा प्रतिस्थापित हो जाता है। इस अभिक्रिया को सैन्डमायर अभिक्रिया कहते है।
                                                                        अथवा
जब बेंजीन डाई एन्जोनियम क्लोराइड को सांद्र हाइड्रोक्लोरिक अम्ल के साथ क्यूप्रस क्लोराइड (Cu₂Cl₂) की उपस्थिति में गर्म करते है, तो क्लोरो बेंजीन बनता है। इस अभिक्रिया को सैन्डमायर अभिक्रिया कहते है।
                                      C₆H₅N₂Cl+HCl→ C₆H₅Cl+HCl+N₂

3. हॉफमान ब्रोमेमाइड अभिक्रिया 

जब एलीफैटिक या एरोमैटिक एसिड एमाइड द्रव ब्रोमीन के साथ कास्टिक पोटाश के जलीय विलयन की उपस्थिति में अभिक्रिया करके प्रार्थमिक एमीन बनाते है। यही अभिक्रिया हॉफमन ब्रोमाइड अभिक्रिया कहलाती है।
                                                                   अथवा
प्राथमिक एमाइड को ब्रोमीन (Br) व पौटेशियम हाइड्राऑक्साइड के साथ गर्म करने पर प्राथमिक एमीन प्राप्त होता है। इस अभिक्रिया को हॉफमान ब्रोमाइड अभिक्रिया कहते है।

4. राइमर-टीमन अभिक्रिया 

जब फिनॉल की क्रिया कास्टिक पोटास (KOH) अथवा सोडियम हाइड्राक्साइड (NaOH) की उपस्थिति में क्लोफार्म से कराई जाती है, तो सैलिसेल्डिहाइड बनता है। इस अभिक्रिया को राइमर-टीमन अभिक्रिया कहते है।

5. कार्बिल एमीन अभिक्रिया 

जब एलैफैटिक या प्राथमिक एमीन ( जैसे- ऐनिलीन, एथिल) को एलकोहल (KOH) की उपस्थिति में क्लोरोफार्म के साथ गर्म किया जाता है, तो तीव्र दुर्गन्ध वाली आइसोसायनाइड प्राप्त होती है। इस अभिक्रिया को कार्बिल एमीन अभिक्रिया  कहते है।
उदाहरण--



6. श्मिट अभिक्रिया 

जब कार्बोलिक्स अम्ल (R-COOH) की अभिक्रिया हाइड्रोजोइक अम्ल (N₃H) सांद्र (H₂SO₄) की उपस्थिति में अभिक्रिया कराते है। तो एमीन प्राप्त होता है। इस अभिक्रिया को श्मिट अभिक्रिया कहते है।

7. वुर्ट्ज़ अभिक्रिया 

जब एल्कीन हैलाइड की क्रिया शुष्क ईथर की उपस्थिति में सोडियम (Na) से कराते है, तो एल्केन प्राप्त होते है, इस अभिक्रिया को वुर्ट्ज़ अभिक्रिया कहते है।

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